यह खुशी की बात है कि अफगानिस्तान से भारतीय नागरिकों की सकुशल वापसी हो रही है। भारत सरकार की नींद देर से खुली लेकिन अब […]
Category: संपादकीय
हर आदमी को न्याय कैसे मिले ? —- डॉ. वेदप्रताप वैदिक
भारत के सर्वोच्च न्यायाधीश एन.वी. रमन ने आज भारत की न्याय-व्यवस्था के बारे में दो-टूक बात कह दी है। विज्ञान भवन के एक समारोह में […]
शादियों में मजहब का अड़ंगा ? —— डॉ.वेदप्रताप वैदिक
ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लाॅ बोर्ड ने भारत के मुसलमानों के नाम आज एक अपील जारी करके कहा है कि वे किसी गैर-मुस्लिम से शादी […]
स्वभाषाओं का स्वागत लेकिन….? डॉ. वेदप्रताप वैदिक
यह खुश खबर है कि देश के आठ राज्यों के 14 इंजीनियरिंग कालेजों में अब पढ़ाई का माध्यम उनकी अपनी भाषाएँ होंगी। नई राष्ट्रीय शिक्षा […]
नीतीश के नए तेवर पर सवाल —- डॉ. वेदप्रताप वैदिक
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीशकुमार बड़े मजेदार नेता हैं। वे कई ऐसे अच्छे काम कर डालते हैं, जिन्हें करने से बहुत-से नेता डरते रहते हैं। अपने […]
मेडिकल में पिछड़ों को आरक्षण — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
सरकार ने मेडिकल की पढ़ाई में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए 27 प्रतिशत और आर्थिक रुप से कमजोर वर्ग के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण की […]
संसदः पक्ष और विपक्ष का अतिवाद —- डॉ. वेदप्रताप वैदिक
संसद का यह वर्षाकालीन सत्र अत्यधिक महत्वपूर्ण होना था लेकिन वह प्रतिदिन निरर्थकता की ओर बढ़ता चला जा रहा है। कोरोना महामारी, बेरोजगारी, अफगान-संकट, भारत-चीन […]
सरकारी जासूसी पर हंगामा —- डॉ. वेदप्रताप वैदिक
हमारी संसद के दोनों सदन पहले दिन ही स्थगित हो गए। जो नए मंत्री बने थे, प्रधानमंत्री उनका परिचय भी नहीं करवा सके। विपक्षी सदस्यों […]
कावड़-यात्रा और महामारी __ डॉ. वेदप्रताप वैदिक
आजकल हमारी न्यायपालिका को कार्यपालिका का काम करना पड़ रहा है। सरकार के कई महत्वपूर्ण फैसलों का अंतिम फैसला अदालतें कर रही हैं। ऐसा ही […]
हम सबका खून एक ही — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
बिहार सरकार के एक मंत्री जमा खान ने अपनी आठ सौ साल की विरासत को याद किया और अपनी खुद की मिसाल पेश करके कहा […]
