चुनाव आयोग और मतदान के प्रति जागरुकता लाने वाले प्रेरक संगठनों के तमाम प्रयासों के बाद भी मतदान के प्रति वैसा उत्साह अभी तक देखने […]
Category: लेखक के कलम से
केवल लेखक के लिये
आखिर साध्वी से परहेज़ क्यों है ? — डॉ नीलम महेंद्र
साध्वी प्रज्ञा को भोपाल से भाजपा द्वारा अपना उम्मीदवार घोषित करते ही देश में जैसे एक राजनैतिक भूचाल आता है जिसका कंपन कश्मीर तक महसूस […]
’मुझे काशी हिन्दू विश्वविद्यालय से क्यों निकाला गया’ और ‘सत्ता की सूली’
लखनऊ———गांधी भवन लखनऊ में मशहूूर गांधीवादी कार्यकर्ता और मैग्सेसे पुरस्कार से सम्मानित डा0 संदीप पांडेय की किताब ’मुझे काशी हिन्दू विश्वविद्यालय से क्यों निकाला गया’ […]
पिताश्री और मेरी माताश्री को श्रद्धांजलि—-सुलेखा डोगरा
एक अरसे से मन में चाहत थी कि मैं अपने सवर्गीय पिताश्री के बारे में श्रद्दांजलि के रूप में कुछ लिख पाऊं , किन्तु वो […]
नमन करो स्वीकार हमारा— सुलेखा डोगरा
पुलवामा शहीद को समर्पित— ***************** ऐ मेरे देश के वीर स्पूतो , नमन करो स्वीकार हमारा ऋणि रहेंगे सदा आपके, झुकाते है हम शीश हमारा […]
जनता की अदालत में फैसला अभी बाकी है—- डॉ नीलम महेंद्र
कुछ समय पहले अमेरिका के एक शिखर के बेस बॉल खिलाड़ी जो कि वहाँ के लोगों के दिल में सितारा हैसियत रखते थे, उन पर […]
लाल आतंक : एक गंभीर चुनौती —– सुरेश हिन्दुस्थानी
लाल आतंकवाद के नाम से पहचान बना चुके नक्सल समस्या का वीभत्स रुप एक बार फिर हमारे सामने है। लम्बे समय से यह समस्या सुरसा […]
चुनाव के समय मतदाता को जागरूक करने में लगे राजनैतिक दल—-डॉ नीलम महेंद्र
देश में एक बार फिर चुनाव होने जा रहे हैं और लगभग हर राजनैतिक दल मतदाताओं को “जागरूक” करने में लगा है। लेकिन इस चुनाव […]
भावना में बहकर वोट डालना उचित नहीं — राम कुमार लाल दास
भाजपा के घोषणा पत्र पर चर्चा लेकिन सबसे पहले देश की समस्याओं को एक नजर देखना आवश्यक होगा। वर्तमान में हमारे देश की निम्नलिखित महत्वपूर्ण […]
मैं मोदी जी का भक्त हूँ लेकिन अंधभक्त नहीं हूँ : परेश रावल
सुनील मालवीय——- बॉलीवुड अभिनेता परेश रावल भाजपा के लिए अहमदाबाद पूर्व से सांसद हैं लेकिन इस बार चुनाव से दूर हैं. न्यूज18 इंडिया के साथ […]
