रोहतक (गौरव शर्मा)———-रोहतक में आम आदमी पार्टी हरियाणा प्रदेशाध्यक्ष नवीन जयहिंद ने प्रेसवार्ता में माननीय हाई कोर्ट द्वारा हटाये गये संसदीय सचिवों की विधायकी सदस्यता रद्द करने की मांग रखी| जयहिंद ने कहा कि दिल्ली में विधायको को न तो कोई सुरक्षा दी गई थी न ही किसी प्रकार की मंत्री पद, जबकि हरियाणा में इन सभी को लाल बत्ती व मंत्री को मिलने वाली सभी प्रकार की सुख–सुविधाए दी गई|
नवीन जयहिंद ने इनकी नियुक्ति को असंवैधानिक बताते हुए राष्ट्रपति को इनकी विधायकी सदस्यता को रदद् करने के लिए पत्र लिखा| जिसमे उन्होंने ऑफिस ऑफ़ प्रॉफिट का जिक्र करते हुए 2015 कलकता हाई कोर्ट और 2009 गोवा हाई कोर्ट के फैसले का भी जिक्र किया जिसमे न केवल संसदीय सचिवो को हटाया गया बल्कि उनकी विधायकी सदस्यता भी रदद की गई थी|
जयहिंद ने कहा कि खट्टर सरकार जनता का पैसा विकास कार्यो में खर्च न करके अपनी जेब भर रही है|
खट्टर सरकार द्वारा बढाये गये बिजली की दरो पर भी पलटवार करते हुए नवीन जयहिंद ने कहा कि दिल्ली में जबसे आम आदमी पार्टी की सरकार बनी तबसे जनता पर न तो कोई फ़ालतू का टैक्स लगाया है और न ही बिजली दरो में बढ़ोतरी हुई है| बल्कि बिजली का आधा रेट किया है| लेकिन हरियाणा में बिजली की दरें दिल्ली से डेढ़ से ढाई गुना ज्यादा है |
दिल्ली में हर महीने बिजली का बिल स्लैब के हिसाब से बनकर आता है परन्तु हरियाणा सरकार दो महीने का बिल देती है जिसमे स्लैब का हरियाणा निवासयो को कोई फायदा नहीं बल्कि स्लैब के नाम पर सरकार आम जन को लुटती है|
दिल्ली में 200 यूनिट तक 390 रुपये का बिल और हरियाणा में 200 यूनिट तक 980 रुपये यानि 2.5 गुणा ज्यादा आता है| जबकि दिल्ली में 400 यूनिट तक का बिल 980 आता है| हरियाणा में 400 यूनिट का बिल 1785 रुपये आता है यानी 2 गुणा ज्यादा
इस मौके प्रदेश प्रवक्ता डाक्टर ओमनारायण, रोहतक लोक सभा अध्यक्ष डॉ अश्वनी युवा जिला अध्यक्ष एडवोकेट महाराजसिंह व् अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे
