मर्द और औरत बराबर, फिर औरत कमज़ोर कैसे ? : भारती डोगरा

पुंछ, जम्मू—————-   महिलाएं परिवार बनाती हैं. परिवार घर बनाता है. घर समाज बनाता है और समाज ही देश बनाता है. इसका सीधा अर्थ यही है […]

अधूरी सड़क पर अटका विकास का पहिया : मीनाक्षी मेहरा

कठुआ, जम्मू——–  किसी भी क्षेत्र के विकास का सबसे पहला पैमाना सड़क संपर्क को माना गया है. जहां सड़कें अच्छी होंगी, अन्य क्षेत्रों से उसकी कनेक्टिविटी […]

दुनिया भर में एनीमिया, कम वजन और अधिक वजन वाली महिलाओं के ट्रिपल खतरे:- यूनिसेफ

महिलाओं को जीवन भर भोजन और पोषण का अधिकार है – एक ऐसा अधिकार जो कई अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार उपकरणों में निहित है। एक महिला की […]

एक अरब से अधिक किशोरियां और महिलाएं कुपोषण एनीमिया से पीड़ित -यूनिसेफ की प्रमुख बाल पोषण रिपोर्ट

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर, हम एक नई रिपोर्ट जारी कर रहे हैं – अल्पपोषित और अनदेखी: किशोर लड़कियों और महिलाओं में एक […]

मैं अभी भारत की अपनी यात्रा से लौटा हूं, और मैं फिर से वापस जाने का इंतजार नहीं कर सकता-बिल गेट्स

मैं अभी भारत की अपनी यात्रा से लौटा हूं, और मैं फिर से वापस जाने का इंतजार नहीं कर सकता। मुझे भारत आना बहुत पसंद […]

ऑनलाइन बिज़नेस में आत्मनिर्भर बनती महिलाएं :- अर्चना किशोर

छपरा, बिहार—————–   प्रकृति की सबसे खूबसूरत रचनाओं में एक रचना महिलाएं हैं. इस आधी आबादी से ही पूरी दुनिया है. 8 मार्च को विश्व की इसी आधी आबादी का […]

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की शुरुआत 1908 : जामुनी, हरा और सफ़ेद रंग

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाने की शुरुआत कैसे हुई ? 1910 में क्लारा जेटकिन नाम की एक महिला ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की बुनियाद रखी थी. […]

विवाद: अनु0 जाति / अनु0 जनजाति उप-योजना 10 साल के लिए और बढ़ा दिया

विशेष घटक योजनाओं के तहत अनुसूचित जातियों (एससी) और अनुसूचित जनजातियों (एसटी) के विकास के लिए राज्य सरकार द्वारा कानून के अनुसार खर्च किए जाने […]

जागरूकता ही दहेज जैसी बुराई का अंत है — सिमरन कुमारी

मुज़फ़्फ़रपुर, बिहार   ———— दहेज एक ऐसी कुप्रथा है जिससे लड़कियों की मानसिक स्थिति पर गहरा असर पड़ता है. कहते हैं देश बदल रहा है, समाज […]

बजट (3): गरीबों का परित्याग : यह गरीबों के पेट पर चोट करता है -पी चिदंबरम

पी चिदंबरम लिखते हैं  बजट (3): गरीबों का परित्याग पी चिदंबरम लिखते हैं: क्या कोई आश्चर्य है कि 90 मिनट के भाषण में वित्त मंत्री […]