मानवता और स्त्री जाति के विरुद्ध सबसे जघन्य अपराध है — कन्या भ्रूण हत्या बेटे की इच्छा परिवार नियोजन के छोटे परिवार की संकल्पना के […]
Category: संपादकीय
आपात्काल से भी बड़ा आफतकाल — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
कोरोना महामारी ने इतना विकराल रुप धारण कर लिया है कि सर्वोच्च न्यायालय को वह काम करना पड़ गया है, जो किसी भी लोकतांत्रिक देश […]
विदेश नीतिः मौलिक पहल जरुरी —- डॉ. वेदप्रताप वैदिक
(लेखक, भारतीय विदेश नीति परिषद के अध्यक्ष हैं) ************************************** अन्तरराष्ट्रीय राजनीति का खेल कितना मजेदार है, इसका पता हमें चीन और अमेरिका के ताजा रवैयों […]
ए.आई. रहमान और जोशी — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
इस हफ्ते मैंने अपने दो मित्र खो दिए। एक तो पाकिस्तान के श्री आई.ए. रहमान और दूसरे इंदौर के श्री महेश जोशी ! ये दोनों […]
महाराष्ट्रः राजनीति और भ्रष्टाचार — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
महाराष्ट्र के गृहमंत्री अनिल देशमुख का इस्तीफा काफी पहले ही हो जाना चाहिए था। लेकिन हमारे नेताओं की खाल इतनी मोटी हो चुकी है कि […]
नक्सलियों से कैसे निपटें ? — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
छत्तीसगढ़ —- टेकलगुड़ा के जंगलों में 22 जवान मारे गए और दर्जनों घायल हुए। माना जा रहा है कि इस मुठभेड़ में लगभग 20 नक्सली […]
बंगाल में ऊँट किस करवट बैठेगा ?— डॉ. वेदप्रताप वैदिक
प. बंगाल के नंदीग्राम में ममता बनर्जी और शुभेंदु अधिकारी एक-दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं। जो शुभेंदु कल तक ममता के सिपहसालार थे, वे […]
गलत मौके पर सही कार्रवाई ? डॉ. वेदप्रताप वैदिक
चुनावों के दौरान सत्तारुढ़ और विपक्षी दलों के बीच भयंकर कटुता का माहौल तो अक्सर हो ही जाता है लेकिन इधर पिछले कुछ वर्षों में […]
भारत क्यों बने किसी का मोहरा ? — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
भारत, अमेरिका, जापान और आस्ट्रेलिया—— इन चार राष्ट्रों के चौगुटे का जो पहला शिखर-सम्मेलन हुआ, उसमें सबसे ध्यान देनेवाली बात यह हुई कि किसी भी […]
मिलावट तो मौन-हत्या है — डॉ. वेदप्रताप वैदिक
खाद्य-पदार्थों और दवाइयों में मिलावट करनेवाले अब जरा डरेंगे, क्योंकि बंगाल, असम और उप्र की तरह अब मध्यप्रदेश भी उन्हें उम्र कैद देने का प्रावधान […]
