सज्जाद हैदर ——–देश के सूर-वीरों तुम्हें इस देश का सलाम। तुम्हारी वजह से ही आज हम सुरक्षित हैं, अन्यथा दुश्मन देशों की निगाहें भारत के […]
Category: लेखक के कलम से
केवल लेखक के लिये
समय है देश विरोधियो के चहरे से नकाब उतारने का—–डॉ नीलम महेंद्र
पुलवामा की आतंकवादी घटना के बाद से जिस प्रकार के कदम हमारी सरकार राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उठा रही है उससे ना सिर्फ देश […]
नए भारत का आगाज़ —–डॉ नीलम महेंद्र
यह सेना की बहुत बड़ी सफलता है कि उसने पुलवामा हमले के मास्टरमाइंड अब्दुल रशीद गाज़ी को आखिरकार मार गिराया हालांकि इस ऑपरेशन में एक […]
बाजारवाद के इस दौर में प्रेम भी तोहफों का मोहताज़ हो गया———डॉ नीलम महेंद्र
वैलेंटाइन डे, एक ऐसा दिन जिसके बारे में कुछ सालों पहले तक हमारे देश में बहुत ही कम लोग जानते थे, आज उस दिन का […]
राहुल की लड़ाई भ्रष्टाचार से है या मोदी से ?—– डॉ नीलम महेंद्र
क्या राहुल रॉफेल डील से सचमुच असंतुष्ट हैं? अगर हाँ, तो जैसा कि रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, उन्हें ठोस सबूत पेश करने चाहिए। […]
भारत के संघीय ढांचे को चोट पहुँचाना कतई शोभा नहीं देता है—-श्याम रजक
जदयू के राष्ट्रीय महासचिव, पूर्व मंत्री सह विधायक श्री श्याम रजक नें पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बैनर्जी और सीबीआई के बीच चल रहे विवाद […]
आम आदमी को अच्छे दिनों का अहसास कराता बजट——डॉ नीलम महेंद्र
विपक्ष भले ही वर्तमान सरकार के इस आखरी बजट को चुनावी बजट कहे और कार्यवाहक वित्तमंत्री पीयूष गोयल के बजट भाषण को चुनावी भाषण की […]
ट्रूपल डॉट कॉम के नए लोगो में दिखे प्रधानमंत्री पद के प्रबल दावेदारों के चेहरे
सुनील मालवीय ———– जनप्रतिनिधियों के काम का आकलन करने वाले देश के पहले डिजिटल प्लेटफार्म ट्रूपल डॉट कॉम ने आम चुनाव 2019 के मद्देनजर #thenextprimeminister […]
यादें शेष : आदर्श राजनेता थे जॉर्ज फर्नांडीज—- सुरेश हिन्दुस्थानी
भारतीय राजनीति में ऐतिहासिक राजनेताओं की श्रेणी शामिल प्रसिद्ध समाजवादी नेता जॉर्ज फर्नांडीज अब हमारे बीच नहीं रहे, लेकिन देश के लिए उनके किए गए […]
लोकतंत्र के महाकुंभ पर धुंधलके क्यों ? -ललित गर्ग
अप्रैल-मई 2019 में संभावित लोकसभा चुनाव को देखते हुए अनेक प्रश्न खडे़ हैं, ये प्रश्न इसलिये खड़े हुए हैं क्योंकि महंगाई, बेरोजगारी, बेतहाशा बढ़ते डीजल-पेट्रोल […]
