मधुबनी )बिहार)——समाहरणालय परिसर, मधुबनी में अनधिकृत रूप से भीड़ एकत्रित किए जाने के मामले को जिला पदाधिकारी, मधुबनी श्री आनंद शर्मा ने गंभीरता से लिया है।

उन्होंने समाहरणालय परिसर की गरिमा, प्रशासनिक कार्यों के सुचारु संचालन तथा विधि-व्यवस्था बनाये रखने के उद्देश्य से अनधिकृत रूप से भीड़ एकत्रित कर प्रदर्शन करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया ।
अफवाह फैलाने वाले, गलत एवं भ्रामक सूचना प्रचारित कर समाहरणालय परिसर में भीड़ एकत्रित करने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इस संबंध मै नगर थाने में 7 नामजद एवं अन्य अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। जिन व्यक्तियों के द्वारा महिलाओं के बीच भ्रामक गलत एवं अफवाह फैलाकर समाहरणालय परिसर मे भेजा गया उनका नाम है चिंटू कुमार बाबू बरही मोहन कुमार झंझारपुर मोहम्मद एजाज खुरौना, सेतु कुमार बेनीपट्टी छेदू साफी बासोपट्टी मिथिलेश पंडोल राकेश कुमार हरलाखी इत्यादि शामिल है। इन व्यक्तियों का नाम समाहरणालय में आई महिलाओं के द्वारा बताई गई है जिसके आधार पर जांचोंपरांत इन सात नामजद की अतिरिक्त अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध नगर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
ज्ञात हो कि अभियान बसेरा के तहत वासगीत पर्चा अथवा बंदोबस्त पर्चा के लिए आवेदन अंचल कार्यालय में जमा करना होता है तथा वहां उसे आवेदन पर जांच के उपरांत नियमानुसार पात्र एवं योग्य व्यक्तियों को पर्चासंबंधित अंचल स्तर से ही दिए जाते हैं।
इस संबंध में उल्लेखनीय है कि 18 सितंबर को समाहरणालय परिसर में लगभग 300 से 400 की संख्या में महिलाओं की भीड़ एकत्रित हो गई। मौके पर उपस्थित प्रशासनिक पदाधिकारियों द्वारा भीड़ के संबंध में जानकारी प्राप्त करने का प्रयास किया गया। पूछताछ के दौरान कुछ महिलाओं द्वारा स्पष्ट किया गया कि जानकारी मिली है कि जिला पदाधिकारी द्वारा भूमिहीन परिवारों को पर्चा वितरित किया जाएगा।
भीड़ में शामिल कुछ महिलाओं द्वारा विभिन्न क्षेत्रों एवं गांवों से आने की बात बताई गई।
समाहरणालय परिसर में इस प्रकार अनधिकृत रूप से बड़ी संख्या में लोगों के एकत्रित होने से प्रशासनिक कार्यों के प्रभावित होने के साथ-साथ शांति एवं विधि-व्यवस्था भंग होने की संभावना उत्पन्न हो गई । इसके अतिरिक्त परिसर एवं आसपास के क्षेत्र में आवागमन तथा यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होने की स्थिति बनी।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन द्वारा तत्काल हस्तक्षेप कर भीड़ को नियंत्रित किया गया तथा समाहरणालय परिसर में सामान्य स्थिति बनाए रखने की कार्रवाई की गई। इस संबंध भे स्पष्ट किया गया है कि बिना सक्षम अनुमति के धरना-प्रदर्शन, नारेबाजी अथवा अनधिकृत रूप से भीड़ एकत्रित करना स्वीकार्य नहीं है।
जिलाधिकारी ने आम नागरिकों से अपील की है कि अपनी शिकायतों एवं समस्याओं के निराकरण के लिए निर्धारित प्रशासनिक एवं कानूनी माध्यमों का उपयोग करें तथा सरकारी कार्यालय परिसरों में अनधिकृत रूप से भीड़ एकत्रित कर प्रशासनिक कार्यों में व्यवधान उत्पन्न न करें।
आमजनों से शांति, विधि-व्यवस्था एवं सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की गई है।
