उक्त मामलों में तीन माह के भीतर निर्णय लेना, मंत्रालय / विभाग के सचिव के स्तर पर ऐसे मामले की निगरानी करना और मंत्रिमंडल सचिव के पास रिपोर्ट दाखिल करना तथा मंजूरी देने से इनकार किए जाने के मामले में जानकारी के लिए सात दिनों के भीतर उसके बाद के उच्चतर अधिकारी के पास रिपोर्ट दाखिल करना इसमें शामिल हैं। जिस मामले में मंत्री सक्षम अधिकारी हो, ऐसी रिपोर्ट प्रधानमंत्री के पास दाखिल करनी होगी।
मंत्रियों के समूह के उपरोक्त सुझाव के आधार पर सरकार द्वारा 03 मई, 2012 को निर्देश जारी किए गए हैं। सभी मंत्रालयों/विभागों को एक बार फिर से सुझाव दिए गए कि वे ओएम, 06 नवंबर 2006, जो ओएम 03 मई, 2011 द्वारा संशोधित है, का सख्ती से अनुपालन करें।
