जयपुर————- अजमेर, अलवर लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र एवं माण्डलगढ़ विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में 29 जनवरी, 2018 को होने वाले उपचुनावों के लिए मुख्य निर्वाचन अधिकारी की अध्यक्षता में शासन सचिवालय में शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री अश्विनी भगत ने जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिये कि सभी मतदान केन्द्रों का 31 दिसम्बर तक भौतिक सत्यापन कर लेवें तथा जहां सहायक मतदान केन्द्र स्थापित करने हैं अथवा आवश्यकता होने पर भवन परिवर्तन करने हैं तो उनके प्रस्ताव 5 जनवरी, 2018 तक अवश्य भिजवा देवे।
उन्होंने कहा है कि ऎसे मतदान केन्द्र जहां 1400 से अधिक मतदाता है वहां पर सहायक मतदान केन्द्र स्थापित किये जा सकते है। उन्होंने कहा कि तीनों जिलों में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन, वी वी पेट एवं चुनाव सामग्री शीघ्र भेज दी जायेगी।
श्री भगत ने निर्देश दिये कि प्रत्येक विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में तुरन्त कन्ट्रोल रूम स्थापित कर निर्वाचन विभाग को सूचित किया जावे। उन्होंने कहा है कि राजनैतिक दलों, मीडिया कर्मियों एवं उम्मीदवारों के साथ बैठक आयोजित की जावे तथा ईवीएम एवं वी वी पेट की पूर्ण जानकारी देकर प्रचार-प्रसार किया जावें। उन्होंने जिले में मीडिया प्रकोष्ट के गठन के भी निर्देश किये हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने उप चुनावों को देखते हुए कानून एवं व्यवस्था बनाये रखने के निर्देश भी दिये हैं। श्री भगत ने कहा कि गैर जमानती वारन्ट वाले आदतन अपराधियों को भी पाबन्द किया जावे। इसके अलावा निर्वाचन क्षेत्र में हथियारों को जमा करने, अवैध हथियार नहीं रखने, शराब की बिक्री पर रोक के भी निर्देश दिये।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने अलवर व अजमेर जिला निर्वाचन अधिकारीयों को निर्देश दिये हैं कि जो निर्वाचन सीमाएं अन्य राज्यों की सीमाओं से जुड़ी हुई है वहां पूर्ण सावधानियां बरतने की आवश्यकता है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को भी निर्देश दिये हैं कि सम्बन्धित राज्य के पुलिस अधिकारियों से सम्पर्क कर कानून व्यवस्था बनाये रखें।
वीडियो कॉन्फ्रेंस में विशेषाधिकारी श्री हरिशंकर गोयल, उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री विनोद पारीक सहित अनेक अधिकारी उपस्थित थे।
