हमास के साथ 60-दिवसीय युद्ध विराम को अंतिम रूप देने के लिए आवश्यक शर्तों पर सहमति

काहिरा/यरूशलेम, ई (रायटर) – हमास ने कहा कि वह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा गाजा के लिए “अंतिम” युद्ध विराम प्रस्ताव कहे जाने का अध्ययन […]

IIT Kanpur और IBM की साझेदारी से उत्तर प्रदेश में AI बनाएगी साफ़ सांसों के नक्शे

अब AI सुनेगी, समझेगी हवा को… हम अक्सर हवा को महसूस तो करते हैं, पर क्या हम उसे सुन और समझ पाते हैं?लखनऊ (निशांत सक्सेना) […]

अदालतें बन रही हैं जलवायु की रणभूमि

दुनिया भर में बढ़ते क्लाइमेट मुक़दमे और भारत में इसकी गूंज लखनऊ (निशांत सक्सेना) : एक ज़माना था जब जलवायु संकट का ज़िक्र सिर्फ़ वैज्ञानिक […]

किसी भी रेडियोलॉजिकल रिलीज ने जनता को प्रभावित नहीं किया है : अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के महानिदेशक राफेल ग्रॉसी

Bulletin of the Atomic Scientists——— राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अपने ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म पर घोषणा की कि संयुक्त राज्य अमेरिका ने फोर्डो, नतांज़ और इस्फ़हान […]

परमाणु प्रतिष्ठान: फोर्डो, नतांज़ और इस्फ़हान : 30,000 पाउंड के “बंकर-बस्टर” बम, जिन्हें 200 फीट तक घुसने के लिए डिज़ाइन

Bulletin of the Atomic Scientists—– संयुक्त राज्य अमेरिका ने ईरान के खिलाफ एक बड़ा सैन्य हमला किया, जिसमें उसके तीन सबसे महत्वपूर्ण परमाणु प्रतिष्ठानों को […]

अदालतों पर हमले लोकतंत्रों को खतरे में डाल सकते हैं– सेवानिवृत्त अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश एंथनी कैनेडी

26 जून (रायटर) – सेवानिवृत्त अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश एंथनी कैनेडी ने  “हमारे राजनीतिक विमर्श के लहजे” के बारे में चिंता व्यक्त की, क्योंकि […]

आदेश स्पष्ट रूप से अवैध और क्रूर : न्यायाधीशों की नीतियों में बाधा डालने की क्षमता पर अंकुश : 6-3 के निर्णय जन्मसिद्ध नागरिकता तुरंत प्रभावी पर रोक

ट्रम्प जन्मसिद्ध नागरिकता को सीमित करना चाहते हैं वादी कहते हैं कि आदेश संवैधानिक प्रावधान का उल्लंघन करता है यह आदेश यू.एस. में प्रतिवर्ष जन्म […]

बैटरी नहीं, भरोसा है ये — इंडिया की एनर्जी क्रांति की अनसुनी कहानी

लखनऊ (निशांत सक्सेना)——– जब भी बात क्लाइमेट की होती है, तो हमारे दिमाग में सीधे सोलर पैनल और हवा के टरबाइन घूमने लगते हैं। वो […]

गरम होता एशिया: समंदर से पहाड़ तक जलवायु संकट की मार, लेकिन चेतावनी और तैयारी ने बचाई जानें

लखनऊ (निशांत सक्सेना)— साल 2024 का साल एशिया के लिए सिर्फ गर्म नहीं था, ये एक जलवायु चेतावनी की घंटी जैसा था—कभी धधकते शहर, कभी पिघलते ग्लेशियर, तो […]