- November 19, 2015
एक सभी के लिए, सभी एक के लिए की भावना से कार्य करें -सहकारिता राज्य मंत्री
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जयपुर – सहकारिता राज्य मंत्री श्री अजय सिंह ने कहा है कि सहकारी कार्मिक एक सभी के लिए, सभी एक के लिए की भावना से कार्य करें। सहकारिता में सभी ऋणियों की भागीदारी सुनिश्चित होनी चाहिए। सहकारी कार्मिकों की मांगों का समाधान हर स्तर पर करने का प्रयास किया जायेगा। वे बुधवार को जिले के खण्डेला धाम में राजस्थान सहकारी कर्मचारी संघ के प्रान्तीय अधिवेशन में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि अपने जीवन में माता पिता की सेवा करना परम कर्तव्य मानते हुए किसी से कोई अपेक्षा नहीं रखें व अपना लक्ष्य निर्धारित कर कार्य में आगे बढ़ते रहें। उन्होंने कहा कि अपनी सकारात्मक सोच को रखते हुए कर्तव्य परायणता से अपने कार्य को अंजाम देवें। ग्रामीण क्षेत्र में कृषि सहकारिता के बिना विकास नहीं हो सकता।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में साढ़े सत्रह हजार रूपये का किसानों को फसली ऋण वितरित किया गया हैं व 10 हजार करोड़ रूपये का ऋण भी नाबार्ड के सहयोग से वितरित किया जा रहा है। नये सदस्यों को भी ऋण दिया जायेगा।
सहकारिता विभाग ने 50 लाख का ब्याज मुक्त ऋण किसानों को देने का लक्ष्य निर्धारित किया है। उन्होंने कहा कि सीकर जिले में 208 सहकारी समितियों में से 207 में बिजनेस कोर्सपोन्डेन्ट बनाये जा चुके है तथा प्रदेश में 24 लाख लोगों को ऋण देकर ढ़ाई लाख नये सदस्यों को भी जोड़ा गया है।
उन्होंने बताया कि दुर्घटना में किसी भी सदस्य की मृत्यु होने पर उन्हें राज्य सरकार द्वारा दी जानी वाली 50 हजार रूपये की राशि को 3 लाख रूपये की राशि बढ़ाई गयी है तथा मार्च 2016 तक इस राशि को 5 लाख रूपये तक बढ़ाने का कार्य किया जायेगा जिसमें बैंक भी अपनी और से राशि का योगदान करेंगे। उन्होंने कहा कि सहकारी सदस्यों को पेंशन योजना से जोडऩे की कार्ययोजना भी विचाराधीन है।
सभी सहकारी भूमि विकास बैंकों की दशा-दिशा सुधारने के लिए 7.8 प्रतिशत ब्याज दर रखी गयी है। ग्राम सेवा सहकारी समितियों को सुदृढ़ बनाया जायेगा तथा पीडीएस, नरेगा के कार्यो का भुगतान सहकारी बैंकों के माध्यम से करने का प्रावधान भी रखा जायेगा। उन्होंने कहा कि सहकारी किसान कल्याण योजना को सिंचित-असिंचित कृषकों से जोड़कर बच्चों की शादी पढ़ाई के लिए 10 लाख रूपये तक ऋण जमाबन्दी की नकल जमा करवा कर लिया जा सकता है।
250 नये सहकारी गोदाम बनाये जाएंगें एवं सुपर मार्केट बनाने के प्रस्ताव भी तैयार कर भिजवाये जायें। समय-समय पर वित्तीय ऑडिट आवश्यक रूप से करवाये व 50 लाख किसानों को जीवन बीमा योजना से जोड़े जाने का प्रावधान किया गया है उनके सहकारी बैंकों में खाते खोले जायें जिससे उन्हें ऋण सुलभ करवाया जा सकें।
इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर प्रकाश चन्द्र चौधरी, उपखण्ड अधिकारी खण्डेला राजवीर चौधरी, विकास अधिकारी अजीत सिंह, खण्डेला धाम के ट्रस्टी पुरूषोतम गुप्ता, खण्डेला प्रधान मूलचन्द वर्मा, फूलसिंह ऐचरा, सीकर केन्द्रीय सहकारी बैंक के प्रबन्ध निदेशक एस.के.मीणा, बी.एल.मीणा, भूमि विकास बैंक के सचिव पीथदान चारण सहित विभिन्न जिलों के सहकारी कार्मिक, व्यवस्थापक, सहायक व्यवस्थापक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।