स्वच्छ भारत मिशन में छत्तीसगढ़ ताल ठोक के

अब तक 17 जिले, 125 विकासखण्ड और 10 हजार से ज्यादा ग्राम पंचायत और 17 हजार से ज्यादा गांव खुले में शौचमुक्त घोषित

रायपुर, 09 नवम्बर 2017———-प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छ भारत मिशन को छत्तीसगढ़ में लगातार शानदार सफलता मिल रही है। इस मिशन के तहत राज्य अब शत-प्रतिशत खुले में शौचमुक्त (ओडीएफ) बनने के लक्ष्य के काफी नजदीक पहुंच गया है। केन्द्रीय पेयजल और स्वच्छता मंत्रालय के सचिव श्री परमेश्वरन अय्यर ने इस उपलब्धि के लिए राज्य सरकार की तारीफ की है।

उन्होंने आज नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए यहां मंत्रालय (महानदी भवन) में मुख्य सचिव श्री विवेक ढांड सहित वरिष्ठ अधिकारियों और जिला कलेक्टरों से मिशन की प्रगति का ब्यौरा लिया। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में छत्तीसगढ़ सरकार के पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री एम.के. राउत ने बताया कि राज्य में अब तक 27 में से 17 जिले, 146 में से 125 विकासखण्ड, और 10 हजार 971 ग्राम पंचायतों में से दस हजार 110 ग्राम पंचायत तथा लगभग 20 हजार गांवों में से 17 हजार 755 गांव खुले में शौच से मुक्त घोषित किए जा चुके हैं।

केन्द्रीय सचिव ने मिशन के तहत छत्तीसगढ़ को खुले में शौच मुक्त कराने के लिए किये जा रहे कार्यो की समीक्षा की और खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) के तहत शौचालय निर्माण के कार्यो की काफी प्रशंसा की। उन्होंने मुख्य सचिव सहित विभागीय अधिकारियों की पूरी टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि देश के हिन्दी राज्यों में छत्तीसगढ़ पहला राज्य है, जहां दिसम्बर 2017 तक सभी जिलों को खुले में शौच मुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है।

केन्द्रीय सचिव ने शौचालय निर्माण में गुणवत्ता और शौचालय उपयोग के लिए लोगों में व्यवहार परिवर्तन पर भी जोर दिया। केन्द्रीय सचिव ने वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये छत्तीसगढ़ के जिला कलेक्टरों की बैठक ली और जिलेवार शौचालय निर्माण की समीक्षा की। ओडीएफ घोषित जिलों में बालोद, बलौदाबाजार-भाटापारा, बलरामपुर-रामानुजगंज, बेमेतरा, दक्षिण बस्तर (दंतेवाड़ा), धमतरी, दुर्ग, जशपुर, कबीरधाम, कोण्डागांव, कोरबा, कोरिया, महासमुंद, मंुगेली, राजनांदगांव, सरगुजा और सुरजपुर शामिल हैं। शेष दस जिले दिसम्बर माह तक खुले में शौच मुक्त कर लिए जाएंगे। इनमें क्रमशः नारायणपुर, सुकमा, बस्तर, बीजापुर, रायपुर, बिलासपुर, गरियाबंद, कांकेर, रायगढ़, जांजगीर-चांपा शामिल हैं।